अटल टनल

चीन से तनाव के मध्य मनाली से लेह को जोड़ने वाली दुनिया की सबसे लंबी अटल टनल 10 सालों में बनकर तैयार हो गई है। रोहतांग दर्रे के नीचे यानी मनाली लेह राजमार्ग पर रोहतांग दर्रे के नीचे बन कर तैयार यह सुरंग घोड़े के नाल के आकार की है। यह सुरंग दुनिया की सबसे लंबी एवं किसी अजूबे से कम नहीं है। जो समुद्र तट से 10 हजार 40 फीट की ऊंचाई पर बनी है। इस टनल में वो सारी खूबियां मौजूद हैं जो आज और आने वाले समय के लिए जरूरी हैं। जहां इस टनल में हर आधे किलोमीटर पर इमरजेंसी टनल बनाई गई है वहीं सुरक्षा के लिहाज से दोनों ओर कंट्रोल रूम भी बनाया गया है।इसके अलावा हर 150 मीटर पर 4जी फोन की सुविधा तो हर 60 मीटर पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सितंबर 2020 के आखिरी सप्ताह में इस टनल का उद्घाटन कर जनता को समर्पित करेंगे। हालांकि अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। वैसे आपको बताते चलें की इस ऐतिहासिक सुरंग का नाम भी आदरणीय अटल जी के नाम पर ही रखा गया है, ‘ अटल टनल ‘ । अब आप सोच रहेंगे कि यह नाम अटल जी के सम्मान में रखा गया होगा, मगर मेरे दोस्तों सिर्फ सम्मान की बात नहीं है। कारण कुछ खास है…

इस ऐतिहासिक सुरंग को बनाए जाने का फैसला 3 जून, 2000 को लिया गया था। उस समय भारत के तात्कालिक प्रधानमंत्री स्व.अटल बिहारी वाजपेयी जी थे जिन्होंने इस ऐतिहासिक सुरंग को बनाने का फैसला लिया था। सुंरग के दक्षिणी हिस्‍से को जोड़ने वाली सड़क की आधारशिला 26 मई, 2002 को रखी गई थी। कुल 8.8 किलोमीटर लंबी यह सुरंग 3000 मीटर की ऊंचाई पर बनाई गई और यह महान सुरंग दुनिया की सबसे लंबी सुरंग है।

चीफ इंजिनियर के.पी. पुरुषोथमन ने पूछे जाने पर मीडिया को बताया कि, ‘मनाली से लेह को जोड़ने वाली अटल सुरंग दुनिया की सबसे लंबी हाइवे टनल है। इस टनल से मनाली और लेह के बीच का सफर 46 किलोमीटर कम हो जाएगा। साथ ही आने-जाने में चार घंटे का वक्त भी कम लगेगा।’ उन्होंने आगे बताया कि, ‘अटल टनल के अंदर फायर हाइड्रेंट भी लगाए गए हैं। इससे किसी प्रकार की अनहोनी में इसका इस्तेमाल किया जा सके। सुरंग के निर्माण के समय संसाधनों के इंडक्शन और डीइंडक्शन करना काफी मुश्किल रहा। हमने कई तरह की चुनौतियों का सामना किया लेकिन टीम वर्क के जरिए हम निर्माण पूरा करने में सफल रहे।’

अटल टनल की चौड़ाई 10.5 मीटर है। इसमें दोनों ओर 1-1 मीटर के फुटपाथ भी बनाए गए हैं। अटल टनल प्रॉजेक्ट के डायरेक्टर कर्नल परीक्षित मेहरा का कहना है कि, ‘लेह को जोड़ने के लिए यह हमारा सपना था और यह कनेक्टिविटी मजबूत करने की दिशा में पहला कदम था। यह सुरंग एक चुनौतीपूर्ण परियोजना थी, क्योंकि हम केवल दो छोर से काम कर रहे थे। दूसरा छोर उत्तर में था रोहतांग पास अतः हम साल में सिर्फ पांच महीने ही काम कर पाते थे।’

अश्विनी रायhttp://shoot2pen.in
माताजी :- श्रीमती इंदु राय पिताजी :- श्री गिरिजा राय पता :- ग्राम - मांगोडेहरी, डाक- खीरी, जिला - बक्सर (बिहार) पिन - ८०२१२८ शिक्षा :- वाणिज्य स्नातक, एम.ए. संप्रत्ति :- किसान, लेखक पुस्तकें :- १. एकल प्रकाशित पुस्तक... बिहार - एक आईने की नजर से प्रकाशन के इंतजार में... ये उन दिनों की बात है, आर्यन, राम मंदिर, आपातकाल, जीवननामा - 12 खंड, दक्षिण भारत की यात्रा, महाभारत- वैज्ञानिक शोध, आदि। २. प्रकाशित साझा संग्रह... पेनिंग थॉट्स, अंजुली रंग भरी, ब्लौस्सौम ऑफ वर्ड्स, उजेस, हिन्दी साहित्य और राष्ट्रवाद, गंगा गीत माला (भोजपुरी), राम कथा के विविध आयाम, अलविदा कोरोना, एकाक्ष आदि। साथ ही पत्र पत्रिकाओं, ब्लॉग आदि में लिखना। सम्मान/पुरस्कार :- १. सितम्बर, २०१८ में मध्यप्रदेश सरकार द्वारा विश्व भर के विद्वतजनों के साथ तीन दिनों तक चलने वाले साहित्योत्त्सव में सम्मान। २. २५ नवम्बर २०१८ को The Indian Awaz 100 inspiring authors of India की तरफ से सम्मानित। ३. २६ जनवरी, २०१९ को The Sprit Mania के द्वारा सम्मानित। ४. ०३ फरवरी, २०१९, Literoma Publishing Services की तरफ से हिन्दी के विकास के लिए सम्मानित। ५. १८ फरवरी २०१९, भोजपुरी विकास न्यास द्वारा सम्मानित। ६. ३१ मार्च, २०१९, स्वामी विवेकानन्द एक्सिलेन्सि अवार्ड (खेल एवं युवा मंत्रालय भारत सरकार), कोलकाता। ७. २३ नवंबर, २०१९ को अयोध्या शोध संस्थान, संस्कृति विभाग, अयोध्या, उत्तरप्रदेश एवं साहित्य संचय फाउंडेशन, दिल्ली के साझा आयोजन में सम्मानित। ८. The Spirit Mania द्वारा TSM POPULAR AUTHOR AWARD 2K19 के लिए सम्मानित। ९. २२ दिसंबर, २०१९ को बक्सर हिन्दी साहित्य सम्मेलन, बक्सर द्वारा सम्मानित। १०. अक्टूबर, २०२० में श्री नर्मदा प्रकाशन द्वारा काव्य शिरोमणि सम्मान। आदि। हिन्दी एवं भोजपुरी भाषा के प्रति समर्पित कार्यों के लिए छोटे बड़े विभिन्न राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं द्वारा सम्मानित। संस्थाओं से जुड़ाव :- १. जिला अर्थ मंत्री, बक्सर हिंदी साहित्य सम्मेलन, बक्सर बिहार। बिहार हिंदी साहित्य सम्मेलन, पटना से सम्बद्ध। २. राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य सह न्यासी, भोजपुरी विकास न्यास, बक्सर। ३. जिला कमिटी सदस्य, बक्सर। भोजपुरी साहित्य विकास मंच, कलकत्ता। ४. सदस्य, राष्ट्रवादी लेखक संघ ५. जिला महामंत्री, बक्सर। अखिल भारतीय साहित्य परिषद। ६. सदस्य, राष्ट्रीय संचार माध्यम परिषद। ईमेल :- ashwinirai1980@gmail.com ब्लॉग :- shoot2pen.in

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