रामेश्वर मंदिर, काशी पंचकोशी के तृतीय पड़ाव, करौना गांव में स्थित है। किसी समय...
काशी
सारनाथ के क्षेत्र की खुदाई से गुप्तकालीन अनेक कलाकृतियां तथा बुद्ध प्रतिमाएं प्राप्त हुई...
अशोक के धार्मिक प्रचार से कला को बहुत ही प्रोत्साहन मिला। अपने धर्मलेखों के...
मूलगंध कुटी विहार, धर्मराजिका स्तूप से उत्तर की ओर स्थित है। पूर्वाभिमुख इस विहार...
धर्मराजिका स्तूप का निर्माण अशोक ने करवाया था। दुर्भाग्यवश १७९४ ई. में जगत सिंह...
धमेख स्तूप से आधा मील दक्षिण चौखण्डी स्तूप स्थित है, जो सारनाथ के अवशिष्ट...
धमेख स्तूप एक ठोस गोलाकार बुर्ज की भाँति है। इसका व्यास २८.३५ मीटर, ऊँचाई...
सारनाथ के संदर्भ में ऐतिहासिक जानकारी पुरातत्त्वविदों को उस समय हुई जब काशी नरेश...
मृत्युंजय महादेव मंदिर को रावणेश्वर मंदिर या फिर रणेश्वर मंदिर भी कहा जाता है।...