चैप्लिन सिनेमा: भारतीय सिनेमा के उदय की पहली गवाह, जो अब केवल यादों में...
फिल्म समीक्षा
नवीनतम हिंदी फिल्मों की गहन समीक्षा और विशेषज्ञ आलोचना
“हमारे ‘फिल्म समीक्षा’ अनुभाग में नवीनतम बॉलीवुड, हॉलीवुड रिलीज़ और क्षेत्रीय सिनेमा पर विशेषज्ञ राय प्राप्त करें। विद्यावाचस्पति अश्विनी राय अरुण की टीम द्वारा प्रस्तुत, ये समीक्षाएँ (Reviews) आपको फिल्म देखने से पहले उसकी कहानी, निर्देशन और सामाजिक प्रासंगिकता (relevance) को समझने में मदद करेंगी। हर नई फिल्म रिलीज का अपडेट और विस्तृत आलोचना यहाँ प्राप्त करें।”
🚀 इंटरस्टेलर (Interstellar, 2014): समय, प्रेम और आयामों के पार की यात्रा शैली:...
🎬 12 Monkeys (1995 फ़िल्म): समय यात्रा, नियति और पागलपन की एक क्लासिक कहानी...
🏆 ऑस्कर (Academy Awards) को सिनेमा की दुनिया का सबसे बड़ा सम्मान माना जाता है,...
🎥 २१वीं सदी की शुरुआत भारतीय सिनेमा के लिए क्रांति का समय था। मल्टीप्लेक्स संस्कृति,...
१९८० के दशक की शुरुआत भारतीय सिनेमा के लिए एक बड़े बदलाव का दौर...
भारतीय सिनेमा केवल मनोरंजन का साधन नहीं रहा है, बल्कि यह देश के सामाजिक,...
🌾 ‘उपकार’ (1967) फिल्म समीक्षा: जय जवान, जय किसान ‘उपकार’ हिंदी सिनेमा के...
परिचय: हिंदी सिनेमा का वह अनमोल मोती ‘दोस्ती’ (१९६४) हिंदी सिनेमा के इतिहास...
✨ ‘चुपके चुपके’ (1975) समीक्षा: क्यों हृषिकेश मुखर्जी की यह कॉमेडी आज भी एक...