May 25, 2024

हे घनिष्ठ वशिष्ठ !
आज के विशिष्ठ दिवस पर
कनिष्ठ का प्रणाम स्वीकार हो

हे कर्मिष्ठ वशिष्ठ !
आप कर्मनिष्ठ और क्रियानिष्ठ हों

हे अंतर्निष्ठ वशिष्ठ !
आप आत्मनिष्ठ और तत्वनिष्ठ हों

हे द्रढिष्ठ वशिष्ठ !
आप ओजिष्ठ और धनिष्ठ हों

हे ज्ञाननिष्ठ वशिष्ठ !
आप कणिष्ठ को जानने वाले हों

हे धर्मिष्ठ वशिष्ठ !
आप धर्मानिष्ठ और एकनिष्ठ हों

हे ईश्वरनिष्ठ वशिष्ठ !
आप अन्जिष्ठ की भांति
प्रकाशवान और गतिमान हों

हे वशिष्ठ !

आप की सदा जय हो

About Author

Leave a Reply